ધોરણ-6 [હિન્દી] पुनरावर्तन-1 | std-6 [hindi] punravartan 1
GSEB Std 6 Hindi Punravartan 1 Solution: અહીં ધોરણ 6 હિન્દી વિષયના "પુનરાવર્તન-1" (पुनरावर्तन 1) ના તમામ પ્રશ્નો-જવાબો, ખાલી જગ્યા, ગિનતી (અંકો અને શબ્દોમાં), વિલોમ અને સમાનાર્થી શબ્દો, ચિત્ર વર્ણન તેમજ ચિત્રવાર્તાનું સંપૂર્ણ સોલ્યુશન પાઠ્યપુસ્તક આધારિત સુંદર રીતે પ્રસ્તુત કરવામાં આવ્યું છે.
✦ પ્રશ્નોત્તરી સોલ્યુશન (Std 6 Hindi Punravartan 1 Solution) ✦
1. निम्नलिखित रिक्त स्थानों को कोष्ठक में से सही शब्द चुनकर वाक्य पूर्ण कीजिए :
शब्द : (बाज़ार, वह, बिच्छू, अस्पताल, घर)
(1) सब लड़के अपने-अपने घर जा सकते हैं।
(2) रमेश को बुखार था, इसलिए वह स्कूल नहीं गया।
(3) मीना और जैमिनी बाज़ार जा रहे थे।
(4) मैंने बिच्छू को दलदल से बाहर निकाला।
(5) शिकारी हिरनी को अस्पताल ले गया।
2. प्रश्नों के उत्तर लिखिए :
(1) आपने किन-किन कहानियों का पठन किया है ?
उत्तर : हमने 'दयालु शिकारी', 'बातूनी कछुआ', 'प्यासा कौआ', 'कौआ और लोमड़ी' तथा 'समझदार नन्ही' जैसी प्रेरक कहानियों का पठन किया है।
(2) अपनी पढ़ी हुई कहानी को अपने शब्दों में लिखिए :
उत्तर (प्यासा कौआ) : एक कौए को बहुत प्यास लगी थी। उसे जंगल में एक घड़ा दिखाई दिया, पर उसमें पानी बहुत कम था। कौए ने अपनी चोंच से एक-एक कंकड़ उठाकर घड़े में डाला। पानी ऊपर आ गया। कौए ने पानी पीकर अपनी प्यास बुझाई और उड़ गया।
(3) शिकारी ने हिरनी को कैसे बचाया ?
उत्तर : शिकारी घायल हिरनी और उसके छोटे शावक को तुरंत पशु-चिकित्सालय ले गया। वहाँ डॉक्टर से उसकी टाँग की गोली निकलवाकर मरहम-पट्टी करवाई और इस प्रकार उसके प्राण बचाए।
(4) प्रगति, न्याय और मानव धर्म के लिए हमारा क्या कर्तव्य है ?
उत्तर : प्रगति, न्याय और मानव धर्म के लिए हमारा कर्तव्य है कि हम बिना किसी भेदभाव के सभी के साथ समानता और प्रेम से रहें तथा विश्व में शांति और एकता बनाए रखें।
(5) नन्ही बतख का स्वभाव कैसा था ?
उत्तर : नन्ही बतख का स्वभाव अत्यंत दयालु, समझदार और दूसरों की भलाई करने वाला था।
✦ વ્યાકરણ અને ગિનતી (Std 6 Hindi Punravartan 1 Vyakaran) ✦
3. निम्नलिखित वर्णों से शुरू करके पाँच-पाँच शब्द बनाइए और वाक्य में प्रयोग कीजिए :
(1) च : चम्मच, चमड़ा, चाँद, चंपा, चमेली
• वाक्य : बगीचे में चंपा का सुंदर फूल खिला है।
(2) क्ष : क्षमा, क्षत्रिय, क्षेत्र, क्षण, क्षति
• वाक्य : क्षमा वीरों का आभूषण है।
(3) त : तराजू, तालाब, तितली, तोता, तरुवर
• वाक्य : उपवन में रंग-बिरंगी तितली उड़ रही है।
(4) भ : भारत, भलाई, भोजन, भालू, भवन
• वाक्य : हमें सदा दूसरों की भलाई करनी चाहिए।
4. समान तुक (प्रास) वाले शब्द बनाकर लिखिए :
• सामाजिक = धार्मिक, पारिवारिक, प्राकृतिक
• मानवता = दानवता, सज्जनता, कुशलता
• भलाई = बुराई, चतुराई, कठिनाई
• घबराहट = सरसराहट, आहट, चिल्लाहट
5. गिनती को शब्दों में और शब्दों को अंकों में लिखिए :
(1) ९६ = छियानवे
(2) ६७ = सड़सठ
(3) ५१ = इक्यावन
(4) ८८ = अट्ठासी
(5) अठहत्तर = ७८
(6) सत्तावन = ५७
(7) उनहत्तर = ६९
(8) सत्तानबे = ९७
6. निम्नलिखित शब्दों के विरुद्धार्थी (विलोम) शब्द लिखकर वाक्य में प्रयोग कीजिए :
(1) स्वच्छ × अस्वच्छ
• वाक्य (स्वच्छ) : हमें स्वच्छ पानी पीना चाहिए।
• वाक्य (अस्वच्छ) : अस्वच्छ भोजन खाने से बीमारी फैलती है।
(2) देश × विदेश
• वाक्य (देश) : भारत हमारा प्यारा देश है।
• वाक्य (विदेश) : कई लोग उच्च शिक्षा के लिए विदेश जाते हैं।
(3) प्रिय × अप्रिय
• वाक्य (प्रिय) : गुलाब मेरा प्रिय फूल है।
• वाक्य (अप्रिय) : हमें कभी अप्रिय सत्य नहीं बोलना चाहिए।
(4) अधिक × कम
• वाक्य (अधिक) : परिश्रम करने से अधिक सफलता मिलती है।
• वाक्य (कम) : हमें भोजन में मीठा कम खाना चाहिए।
7. निम्नलिखित शब्दों के समानार्थी शब्द लिखकर वाक्य में प्रयोग कीजिए :
(1) सूर्य = सूरज, रवि
• वाक्य : सुबह पूर्व दिशा में सूरज निकलता है।
(2) भूमि = धरती, ज़मीन
• वाक्य : हमारी धरती हरी-भरी और सुंदर है।
(3) प्राण = जान, जीव
• वाक्य : शिकारी ने घायल हिरनी की जान बचाई।
(4) सहसा = अचानक, एकाएक
• वाक्य : सड़क पर अचानक एक गाड़ी आ गई।
✦ ચિત્ર વર્ણન અને વાર્તા (Std 6 Hindi Punravartan 1 Chitra Varnan) ✦
8. नीचे दिए गए चित्र का वर्णन करते हुए आठ-दस वाक्य लिखिए :
उत्तर : यह चित्र एक सुंदर और शांत गाँव के तालाब के किनारे का है। सुबह का समय है और पहाड़ों के पीछे से सूरज निकल रहा है। तालाब के पानी में बतखें तैर रही हैं और कुछ बच्चे मजे से स्नान कर रहे हैं। पेड़ की डाल पर रस्सी का झूला डालकर एक लड़का झूल रहा है। दो पनिहारिनें सिर पर पानी के घड़े और टोकरी लेकर घर की ओर जा रही हैं। किनारे पर एक स्त्री पत्थर पर कपड़े धो रही है। तालाब के पास एक छोटा सा शिव मंदिर है, जिसके चबूतरे पर एक व्यक्ति आराम से बैठा है और पास ही कुत्ता बैठा है। गाँव का यह दृश्य अत्यंत शांत, मनोरम और प्राकृतिक सुंदरता से भरपूर है।
9. आप साइकिल लेकर स्कूल जाते हैं, और रास्ते में ट्यूब पंचर हो जाती है। इस घटना का वर्णन कीजिए :
उत्तर : एक दिन सुबह मैं अपनी साइकिल से स्कूल जा रहा था। रास्ते में अचानक एक नुकीली कील लग जाने से साइकिल का पिछला पहिया पंचर हो गया। पैडल भारी चलने लगा तो मैंने उतरकर देखा कि टायर की पूरी हवा निकल चुकी थी। उस समय स्कूल की प्रार्थना का समय निकट था। मैं तुरंत साइकिल को पैदल खींचते हुए पास की साइकिल मरम्मत की दुकान पर ले गया। दुकानदार ने जल्दी से ट्यूब निकालकर पानी के टब में पंचर ढूँढ़ा और उसे ठीक करके हवा भर दी। मैंने पंचर बनाने के पैसे दिए और तेज़ गति से साइकिल चलाकर स्कूल पहुँचा। थोड़ी देर होने पर मैंने कक्षा शिक्षक को पूरी घटना सच-सच बताई, जिसे सुनकर उन्होंने मुझे कक्षा में प्रवेश करने दिया।
10. चित्र के आधार पर कहानी लिखिए :
कहानी : बंदर और मगरमच्छ
एक नदी के किनारे जामुन का एक बड़ा पेड़ था। उस पेड़ पर एक बुद्धिमान बंदर रहता था और उसी नदी में एक मगरमच्छ रहता था। दोनों में अच्छी मित्रता थी। बंदर प्रतिदिन मगरमच्छ को मीठे-मीठे जामुन तोड़कर खाने को देता था। एक दिन मगरमच्छ ने कुछ जामुन अपनी पत्नी को खिलाए। मीठे जामुन खाकर मगरमच्छ की पत्नी ने सोचा कि जो बंदर रोज़ ऐसे मीठे फल खाता है, उसका कलेजा कितना मीठा होगा! उसने अपने पति से उस बंदर का कलेजा लाने की ज़िद की।
मगरमच्छ विवश होकर बंदर के पास गया और बोला—"मित्र, आज मेरी पत्नी ने तुम्हें दावत पर घर बुलाया है।" बंदर खुशी-खुशी मगरमच्छ की पीठ पर बैठ गया। जब वे नदी के बीच पहुँचे, तो मगरमच्छ ने सच बता दिया कि उसकी पत्नी उसका कलेजा खाना चाहती है। यह सुनकर बंदर घबराया नहीं। उसने चतुराई से कहा—"अरे मित्र! तुमने यह बात पहले क्यों नहीं बताई? मैं तो अपना कलेजा पेड़ की कोटर में ही रख आया हूँ। चलो, वापस चलकर ले आते हैं।"
मूर्ख मगरमच्छ बंदर को लेकर किनारे वापस लौटा। जैसे ही किनारा आया, बंदर ने फुर्ती से छलांग लगाई और जामुन के पेड़ पर चढ़ गया। बंदर ने हँसकर कहा—"मूर्ख मित्र! कलेजा भी कभी शरीर से अलग रह सकता है? आज से हमारी मित्रता समाप्त!"
सीख : संकट के समय घबराना नहीं चाहिए, बल्कि बुद्धि और चतुराई से काम लेकर अपनी रक्षा करनी चाहिए।